उत्तराखंड: 15 राज्यों में साइबर ठगी करने वाले चार सदस्य चढ़े पुलिस के हत्थे

रुद्रपुर।ऊधमसिंहनगर पुलिस ने एक संगठित साइबर ठगी गिरोह का खुलासा करते हुए चार शातिर ठगों को गिरफ्तार किया है। यह गिरोह फर्जी खातों और ऑनलाइन ट्रांजैक्शनों के जरिए करोड़ों रुपये की धोखाधड़ी को अंजाम दे रहा था। अब तक इस मामले में छह गिरफ्तारियां हो चुकी हैं, जबकि चार आरोपी अभी फरार हैं। आरोपियों से भारी मात्रा में मोबाइल फोन, सिम कार्ड, चेक बुक, एटीम बरामद हुए हैं। आरोपी 15 राज्यों के लोगों के साथ ठगी कर चुके हैं।
पुलिस के मुताबिक 29 मई को रुद्रपुर निवासी एक व्यक्ति द्वारा उसके खाते से लगभग 50 हजार रुपए गायब होने की शिकायत दर्ज की गई थी। मामले की जांच के दौरान टीम को अहम सुराग हाथ लगे थे। जिसके बाद टीम द्वारा दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया था। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि ऑनलाइन गेमिंग खेल कर वह लोगों को लालच देते थे, विश्वास में लेने के बाद वह लोगों के खाते से पैसे उड़ा लेते थे। आरोपियों ने बताया कि उनका गिरोह 15 राज्यों में लोगों के साथ धोखाधड़ी कर चुका है।
सर्विलांस की मदद से पुलिस ने मनोज सैनी निवासी काशीपुर और अजय सैनी निवासी काशीपुर को 30 मई 2025 को गिरफ्तार किया। पूछताछ में मनोज सैनी ने बताया कि उसने अपना बैंक खाता, ATM कार्ड, सिम कार्ड और चेक बुक अजय सैनी के माध्यम से पुष्पेन्द्र उर्फ पोरस कुमार और सत्यपाल को दिए थे। इन खातों से ₹3 करोड़ से अधिक का लेनदेन हुआ था, जिसके कमीशन के तौर पर सत्यपाल ने मनोज सैनी को ₹70,000 बैंक के खाते में भेजे थे। प्रकाश में आए पुष्पेन्द्र और सत्यपाल की तलाश में पुलिस टीमें दबिश दे रही थी।
5 जून 2025 को मुखबिर की सूचना पर सत्यपाल सिंह, निवासी मुरादाबाद यूपी और पोरस कुमार उर्फ पुष्पेन्द्र, निवासी मुरादाबाद को रामपुर रोड फ्लाईओवर के पास से गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में अभियुक्तों ने बताया कि सत्यपाल और पोरस से मिले मनोज सैनी के खाते और संबंधित दस्तावेज उन्होंने बसंत, रोहित सोनी और शेरु चौहान को दिए थे। उन्होंने यह भी बताया कि वे अपने साथियों बसंत (निवासी आगरा), रोहित सोनी और शेरु चौहान (दोनों निवासी ग्वालियर) के साथ मिलकर इस प्रकार की साइबर ठगी को अंजाम देते थे।
गिरफ्तार अभियुक्तों ने बताया कि उन्हें प्रत्येक खाते के लिए खाताधारकों का कमीशन देकर लगभग ₹80,000 मिलते थे। फरार चल रहे आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए टीम ने कई राज्यों में दबिश दी। टीम ने रितिक, निवासी ग्राम कागारोल, थाना कागारोल, जिला आगरा, विशुराज मोर्या उर्फ व्योम मोर्या निवासी मौहल्ला चौधरियान, नूरपुर, बिजनौर, को गिरफ्तार किया गया। गिरोह के अन्य चार सदस्य रोहित कुमार निवासी मुरादाबाद, बसंत निवासी आगरा, रोहित सोनी निवासी ग्वालियर, शेरु चौहान निवासी ग्वालियर फरार चल रहे हैं।
आरोपियों से 9 मोबाइल फोन, 15 सिम कार्ड, 1 डोंगल, 4 पासबुक, 13 चेक बुक, 21 चेक (भरे हुए), 2 बैंक जमा पर्ची, 12 ATM कार्ड, 1 अदद डायरी, 2 अदद किट (चेक बुक, ATM कार्ड, खाते का सिम), 2 QR स्कैनर, 1 मोटरसाइकिल,1 कार (स्विफ्ट) बरामद किया है।






